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Thursday, April 16, 2020

कक्षा -१० अभ्यास

😊सुप्रभात !
आप स्वस्थ व सुरक्षित है  ऎसा विश्वास।
माँ पापा कि घर के काम मदद करें है आप से ये आस।

पिछली कक्षा में साहित्य का अभ्यास और अपठित गद्यांश किया था

आज हम अपठित गद्यांश करेंगे

कक्षा कार्य
निम्नलिखित गद्यांश को ध्यान से पढ़ कर प्रश्नों के उत्तर दीजिये

" जल और मानव जीवन का सम्बन्ध अत्यंत घनिष्ठ है विश्व की प्रमुख संस्कृतियों का जन्म बड़ी बड़ी नदियों के किनारे ही हुआ है। बचपन से ही हम जल की उपयोगिता ,शीतलता और निर्मलता के कारण  उसकी ओर आकर्षित होते रहे है।  किन्तु नल के नीचे नहाने और जलाशय में डुबकी लगाने में ज़मीन आसमान का अंतर है। हम जलाशयों को देखते ही तैरने के लिए मचल उठते है। तैराकी हमारे मनोविनोद का साधन है। इसके द्वारा हमारा शरीर स्वस्थ रहता है और मन शांत रहता है। प्राचीनकाल में तैराकी आनंद का साधन ही नही ,एक आवश्यकता भी थी। सड़क के अभाव में मनुष्य तैर कर या नाव की सहायता से अपनी मंजिल तक पहुंचता था। आदिम मनुष्य ने जब मछलियों को तैरते हुए देखा तो उसके मन में भी तैरने की इच्छा जागी। मछलियों की तरह यह उसकी जन्म जात क्षमता नहीं थी पर उसने दिन रात मेहनत की। मनुष्य अपने परिश्रम और लगन द्वारा तैरने में सफल हुआ। तैराकी में उसने इतनी निपुणता प्राप्त की और उसे कला का रूप दे दिया। "

क ) जल और मानव जीवन का सम्बन्ध कैसा है ?सिद्ध कीजिये (२ )
ख )तैराकी के क्या लाभ हैं ?                                                  (२ )
ग )प्राचीन काल में तैराकी को आवश्यकता क्यों माना जाता था ?(२ )
घ )मछली को देखकर मनुष्य के मन क्या  विचार उठे उसका क्या परिणाम हुआ ? (२ )
ड़ )गद्यांश का उचित शीर्षक लिखिए  (१ )
च )विलोम शब्द लिखिए -१ )ज़मीन  २ )मरण

जानने योग्य बात 🤔
हम जल की बात कर रहें तो समझना जरुरी है कि इस पर सबका अधिकार है
एस .डी. जी 6  स्वच्छ पानी व स्वच्छता  ( CLEAN WATER ANDSANITATION) इस बात पर बल देता है
अतः  पानी का दुरूपयोग ना करें

गृह कार्य
नीचे दिए गद्यांश को ध्यान से पढ़ कर  प्रश्नों के उत्तर दीजिए
"हिंदी हमारे राष्ट्र की अभिब्यक्ति का सरलतम स्त्रोत्र है। राष्ट्रीय ब्यवहार में हिंदी को काम में लाना देश की उन्नति के लिए आवश्यक है। संस्कृत और हिंदी देश के दो भाषा रूपी स्तम्भ है जो देश की संस्कृति ,परम्परा और सभ्यता को विश्व के मंच पर बखूबी प्रस्तुत करते हैं। आज विश्व के कोने -कोने से विद्यार्थी हमारी भाषा और संस्कृति को जानने के लिए हमारे देश का रुख कर रहे हैं। हिंदी भाषा विश्व की तीसरी सबसे ज्यादा बोली जाने वाली भाषा है। विश्व में पचास से साठ करोड़ लोग हिंदी भाषी हैं। हिंदी भाषा ऐसा गुलदस्ता है जो अपने भीतर  मधुरता ,सुंदरता , शिष्टता , विशिष्टता के रंग और  सुगंध अपने में समेटे हुए है। हिंदी वर्णमाला में वह सामर्थ्य है कि संसार की किसी भी बोली और भाषा को ज्यों का त्यों लिखित रूप दे सकती है। "

क )हमें हिन्दी का अधिक से अधिक प्रयोग क्यों करना चाहिए ?(२ )
ख )किन दो भाषों को देश का स्तम्भ  माना जाता है व क्यों ?(२ )
ग )हिन्दी भाषा की क्या विशेषताएं हैं ?                               (२ )
घ )निम्न शब्दों को अनुस्वार लगाकर पुनः लिखिए (२ )
     सुन्दर ,स्तम्भ ,सुगन्ध ,हिन्दी
ड़ )हिन्दी वर्णमाला की समार्थ्य क्या है ? (१  )
च )आज विश्व के कोने -कोने से विद्यार्थी भारत क्यों आना चाहते हैं ? (१ )

निर्देश 
सभी कार्य व्याकरण में करें
लेख का विशेष ध्यान रखें
घर में रहें सुरक्षित रहें